एक साथ 16 शवों का हुआ अंतिम संस्कार, गांव में पसरा मातम, बिलखते रह गए लोग

16 bodies were cremated together, leaving the village in mourning. hindi news latest news mp news khabargali

धार (ख़बरगली )  इंदौर-अहमदाबाद नेशनल हाईवे पर बुधवार रात हुआ सड़क हादसा 16 परिवार उजाड़ गया। तिरला क्षेत्र के रामपुरा, सेमलीपुरा और नयापुरा गांवों में मातम छा गया। जिला अस्पताल में पहली बार एक साथ 16 शवों का पीएम किया गया। सुबह 7 बजे शुरू हुई प्रक्रिया 9 बजे तक चली। इसके बाद एंबुलेंस से शवों को गांवों तक पहुंचाया गया। 

जैसे ही एंबुलेंस गांवों में पहुंची, माहौल चीखों और विलाप से गूंज उठा। मां, पत्नी, बहन और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल था। कई घरों में एक से ज्यादा मौतें हुईं, जिसने दुख को और गहरा कर दिया। हादसे में 25 से ज्यादा लोग घायल हैं, जिनका इलाज धार व इंदौर के अस्पतालों में जारी है। कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।


नयापुरा गांव में यह त्रासदी सबसे ज्यादा गहरी रही। यहां एक ही परिवार के आठ लोगों की मौत हो गई। गांव के गंगा महादेव मुक्तिधाम पर जब एक साथ आठ चिताएं जलाई गईं, तो वहां मौजूद हर आंख नम थी। यहां मुक्तिधाम छोटा पड़ा तो चिता बाहर जलाई गई। यहां मृतक संगीता पप्पू डावर, रिंकू पिता कंवरलाल, चंपालाल उर्फ गोकुल कैलाश, आयुष पिता राजेंद्र, तनु पिता उमेश, सुनिता पति नारायण सहित रंजना पति रामसिंह और सुमित पिता नानूराम का दाह संस्कार किया गया।

एक चिता पर 4 महिलाओं का अंतिम संस्कार

मृतकों का अंतिम संस्कार अलग-अलग स्थानों पर किया गया। सेमलीपुरा में चार महिलाओं अंगूरीबाई पति अनिल भूरिया, रंजना पति मनीष, कांता पति उदयसिंह, भूरी पति सुंदर का एक ही चिता पर अंतिम संस्कार किया गया। मीना पति कृष्णा और प्रिया पति विष्णु का अंतिम संस्कार रामपुरा में हुआ। नयापुरा में 8, सेमलीपुरा में 4, रामपुरा में 2 और खुटपला व छोटा बलोद में 1-1 अंतिम संस्कार हुआ।