रायपुर (खबरगली ) शिक्षा, संस्कार, हुनर और व्यक्तित्व विकास के क्षेत्र में कार्य कर रही जैनम एकेडमी को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित ‘भारत गौरव सम्मान’ से सम्मानित किया गया। यह सम्मान VMS Presents Miss & Mrs. India Universe 2026 के भव्य राष्ट्रीय मंच पर प्रदान किया गया। कार्यक्रम में बॉलीवुड अभिनेत्री दीपशिखा नागपाल सेलिब्रिटी गेस्ट के रूप में मौजूद रहीं। इसी राष्ट्रीय मंच पर जैनम एकेडमी की संस्थापक दीपाक्षा जैन ने ‘Mrs. India Universe Asia 2026’ का खिताब जीतकर छत्तीसगढ़ का नाम गौरवान्वित किया। शिक्षा और सामाजिक गतिविधियों के साथ परिवार की जिम्मेदारियां निभाते हुए हासिल की गई यह उपलब्धि उनकी बहुआयामी प्रतिभा और मेहनत को दर्शाती है।
जैनम एकेडमी को क्यों मिला ‘भारत गौरव सम्मान’?
जैनम एकेडमी बच्चों की शिक्षा को केवल किताबों और परीक्षाओं तक सीमित रखने के बजाय उनके सर्वांगीण विकास पर काम कर रही है। एकेडमी की ओर से बच्चों को शिक्षा के साथ संस्कार, आत्मविश्वास, रचनात्मकता और अपनी प्रतिभा को निखारने के अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
50 से अधिक बच्चों को निःशुल्क शिक्षा
जैनम एकेडमी की प्रमुख पहलों में आर्थिक रूप से जरूरतमंद बच्चों को निःशुल्क शिक्षा उपलब्ध कराना शामिल है। अब तक 50 से अधिक बच्चे इस पहल से जुड़ चुके हैं। इसके साथ ही बच्चों के हुनर को विकसित करने के लिए Chess, Drawing, Dance और Music जैसी गतिविधियों की कक्षाएं भी निःशुल्क संचालित की जाती हैं।
शिक्षा के साथ हुनर और व्यक्तित्व विकास पर जोर
जैनम एकेडमी का मानना है कि हर बच्चे में कोई न कोई विशेष प्रतिभा होती है। सही मार्गदर्शन और अवसर मिलने पर बच्चे अपनी प्रतिभा को बेहतर तरीके से सामने ला सकते हैं। इसी सोच के तहत पढ़ाई के साथ खेल, कला, संगीत, नृत्य और अन्य रचनात्मक गतिविधियों के जरिए बच्चों में आत्मविश्वास और व्यक्तित्व विकास पर काम किया जा रहा है।
दीपाक्षा जैन ने जीता Mrs. India Universe Asia 2026 का खिताब
राष्ट्रीय स्तर के इसी आयोजन में जैनम एकेडमी की संस्थापक दीपाक्षा जैन ने Mrs. India Universe Asia 2026 का विजेता खिताब अपने नाम किया।
परिवार की जिम्मेदारियों के साथ हासिल की बड़ी उपलब्धि
दीपाक्षा जैन शिक्षा और सामाजिक गतिविधियों से जुड़ी होने के साथ ब्लॉगिंग, वीडियो निर्माण और रचनात्मक कार्यों में भी सक्रिय हैं। परिवार की जिम्मेदारियों को निभाते हुए उन्होंने अपने सपनों को आगे बढ़ाया और राष्ट्रीय मंच पर यह उपलब्धि हासिल की। उनकी सफलता महिलाओं के लिए भी प्रेरणादायक संदेश देती है कि पारिवारिक जिम्मेदारियों के साथ अपने सपनों और प्रतिभा को आगे बढ़ाया जा सकता है।
जन्माष्टमी से केरल समर कैंप तक बच्चों को मिले नए अनुभव
जैनम एकेडमी की गतिविधियों में शिक्षा के साथ बच्चों को भारतीय संस्कृति और अलग-अलग अनुभवों से जोड़ने पर भी जोर दिया जाता है। बच्चों को भारतीय संस्कृति और संस्कारों से जोड़ने के उद्देश्य से जन्माष्टमी विशेष आयोजन किया गया। इसमें बच्चों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
केरल समर कैंप बना सीखने का नया अनुभव
केरल समर कैंप बच्चों के लिए कक्षा से बाहर सीखने का एक विशेष अवसर रहा। कैंप के माध्यम से बच्चों को नई जगह, संस्कृति, स्थानीय जीवनशैली और विभिन्न गतिविधियों को करीब से समझने का मौका मिला। ऐसे अनुभव बच्चों में जिज्ञासा, आत्मनिर्भरता और सीखने की नई दृष्टि विकसित करने में मदद करते हैं। अलग-अलग राज्यों के बच्चों और अभिभावकों को जोड़ने की पहल जैनम एकेडमी का प्रयास केवल रायपुर तक सीमित नहीं है। अलग-अलग राज्यों के बच्चों और अभिभावकों को एक मंच से जोड़ने की दिशा में भी पहल की जा रही है। इससे बच्चों को विभिन्न राज्यों की संस्कृति, विचारों और प्रतिभाओं को जानने का अवसर मिलता है। वहीं अभिभावक भी अपने अनुभव साझा कर एक-दूसरे से जुड़ रहे हैं।
‘मैं और मां’ कार्यक्रम से माताओं को मिला सम्मान
जैनम एकेडमी की ओर से आयोजित ‘मैं और मां’ कार्यक्रम मां और बच्चे के अनमोल रिश्ते को समर्पित रहा। कार्यक्रम के माध्यम से माताओं के प्रेम, त्याग और योगदान को सम्मान देने का प्रयास किया गया।
मां होती है बच्चे की पहली गुरु
दीपाक्षा जैन का मानना है कि मां बच्चे की पहली गुरु होती है। इसलिए बच्चों की शिक्षा और व्यक्तित्व निर्माण में माताओं की भूमिका को सम्मान देना भी जरूरी है।
बच्चों और महिलाओं के लिए प्रेरणा बनीं दीपाक्षा जैन
Mrs. India Universe Asia 2026 का खिताब और जैनम एकेडमी को मिला भारत गौरव सम्मान दीपाक्षा जैन की यात्रा की महत्वपूर्ण उपलब्धियां हैं। उनका मानना है कि सफलता केवल व्यक्तिगत उपलब्धि तक सीमित नहीं होनी चाहिए। व्यक्ति खुद आगे बढ़ने के साथ दूसरों को भी आगे बढ़ने का अवसर दे, इसी सोच के साथ जैनम एकेडमी शिक्षा, संस्कार, हुनर और सामाजिक जिम्मेदारी को साथ लेकर आगे बढ़ रही है।
दीपाक्षा जैन ने कहा “मेरा उद्देश्य केवल बच्चों को शिक्षा देना नहीं, बल्कि उनके भीतर छिपी प्रतिभा को पहचानना और उन्हें आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का अवसर देना है। मैं चाहती हूं कि आर्थिक स्थिति किसी बच्चे के सपनों के बीच न आए। इसलिए शिक्षा के साथ Chess, Drawing, Dance और Music जैसी गतिविधियों को भी निःशुल्क उपलब्ध कराने का प्रयास है। मेरा विश्वास है कि हर बच्चे को अवसर और हर महिला को अपनी पहचान बनाने का अधिकार मिलना चाहिए।”
जैनम एकेडमी की उपलब्धि से छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ा
जैनम एकेडमी को भारत गौरव सम्मान मिलना और इसकी संस्थापक दीपाक्षा जैन का Mrs. India Universe Asia 2026 का खिताब जीतना शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक सरोकारों से जुड़ी उनकी पहल को राष्ट्रीय मंच पर मिली पहचान के रूप में देखा जा रहा है।
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